सवप्नदोष के कारण और इलाज | Swapndosh ke karan or ilaj

September 16, 2020

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गंदी गंदी और अश्लील बातों की तरफ ध्यान देना और हमेशा उन्हीं के बारे में सोचते रहना। किसी स्त्री के साथ संभोग क्रिया करते रहने के बारे में हमेशा खोये रहना, पत्नी के अपने मायके चले जाने के बाद उसकी याद में हमेशा उदास रहना अधिक कामुक तथा उत्तेजीत फिल्मों को देखन तथा अपनी प्रेमिका के साथ सेक्स क्रिया के बारे में मजा लूटने के बारे में सोचते रहने का कारण भी स्वप्नदोष का का कारण हो सकता है। संुदर लडकियों के बारे मे सेक्स की बातें करते रहना अथवा अपने आपको उसी के बारे में सोचते रहना। किसी भी खुबसूरत लडकी को देखकर यह सोचते रहना कि काश वह लडकी प्रेमिका या पत्नी बन जाए। यही सोचते हुए अपने मन में उत्साह जगाना। सोने से पहले रात को बिस्तर पर काफी देर तक उसी लडकी के बारे में सोचते रहना तथ उसी के बारे में विचार करना और फिर सो जाना। रात को सो जाने के बाद सपने में उसी लडकी का आपकी स्त्री या प्रेमिका बन कर आना उसके साथ छेडछाड करना और उससे संभोग करने के बारे में सोचना और इसी तरह के बारे में सोचते हुए वीर्य का निकल जाना ही स्वप्नदोष के कारण होते है।

Gandi gandi kirya karte rhane ke bare me humesha khoye rhana patni ke apne mayke chale jane ke baad uski yaad me humesha udaas rhana adhik kamuk tatha uttejeet filmo ko dekhne tathaa apni premika ke sath sex kirya ke bare me mja lutne ke bare me sochte rhane ka karan bhi sawpandosh ka karan ho sakta hai | Sunder ladkiyo ke bare me sex ki bate karte ehana athva apne aapko usi ke bare me sochte rhana | Kisi bhi khubsurat ladki ko dekhkar yh sochte rhana ki kaas vh ladki premika ya patni ban jaye | Yhi sochte hue apne man me utsha jagana | Sone say phale raat ko bister par der tak usi ladki ke bare me sochte  rhana tha usi ke bare me vicha karna aur fir so jana | Raat ko so jane ke baad sapne me usi ladki ka aapki wife ya girlfriend ban kar aana uske sath chedchad karna aur usse sambhog karne ke bare me sochna aur esi tarh ke bare me sochte hue viry ka nakal jana hi sawpandosh ke karan hote hai |

 अधिेक देर तक रात को जागना, रात को अधिक देर व अधिक मात्रा में भरपेट भोजन के बाद ही तुरंत सो जाना। सोने से पहले मूत्र का न करना। पेशाब करने का मन होते हुए भी आलस्य की वजह से रात को पेशाब न करने जाना। सुबह के समय सूर्योदय के बाद भी बहुत देरत तक सोते रहने के कारण भी स्वप्नदोष हो जाता है। फिल्मों में अश्लील दृश्यों को देखना, स्कूल काॅलजों में लडके लडकियों का खूलेआम घूमना, नवयुवको के सर में हमेशा कामवासना का ध्यान रहना, लडकियों के बारे में सोचना, उनके अंगों को कामुक नजरों से देखना, अधिक मैथुन करना, किसी लडकी के स्पर्श करने पर सोचना, सहवास में खोये रहना, मसालेदार भोजन खाने, चाय, शराब व रात को गर्म दूध पीना ही स्वप्नदोष का कारण बनता है।

Adhik der tak raat ko jaagna raat ko adhik der v adhik matra me bharpet bhojan ke baad ke baad hi turant so jana | Sone say phale mutr ka n karna | Pesaab karne ka man sote hue bhi aalas ki vajh say raat ko pesaab na karne jana | Subh ke smay suryuday ke baad bhi bahut der tak sote rhane ke karan bhi sawpandos ho jata hai | Filmo me aslil drasyo ko dekhna school collage me ladke ladkiyo ka khuleaam ghumna newyouvko ke sar me humesha kaamvasna ka dheyaan rhana ladkiyo ke bare me sochna unke ango ko kamuk najro say dekhna adhik methun karna kisi ladki ke spars karne par sochna shavash me khoye rhana msaaledaar bhojan khane tea wiskey ya raat ko garm dudh pina hi sawpandos ka karan banta hai |

कभी कभी यह कारण न होकर इसका उलटा होता है जैसे हार्मोन के बढने पर वीर्य ज्यादा बनने लगता है। इससे शरीर में गर्मी पैदा होती है और वीर्य अपने आप रात में या जरा सी गर्मी होते ही बाहर निकल पडता है। इसमें रोगी का कोई दोष नहीं होता है। स्वप्नदोष अगर महीने या साल में होता है तो डरने की कोई बात नहीं मगर रोज या हफ्ते में हो तो इसका उपचार जल्द से जल्द कराना चाहिए नहीं तो रोगी नंपुसक भी हो सकता है।

Kabhi kabhi yh karan n hoker eska ulta hota hai jase homron ke badhne par viry jada lagta hai | Esse sarir me garmi paida hoti hai aur vry apne aap raat me ya jra si garmi hote hi bahaar nikal padta hai | Esse rogi ka koe dosh nhi hota hai | Sawpandos ager mahin ya saal me hota hai to darne ki koe baat nhi mager roj ya hufte me ho to eska upchar jald say jald krana cahiye nhi to rogi napunsak bhi ho sakta hai |

हस्तमैथुन -पहले बहुत अधिक मैथुन करते रहने से परन्तु बाद में इसको रोक देने पर लंबे समय तक ब्रहाचर्य का पालन करने रहने के बीच में ही ब्रहाचर्य को छोडकर उसका दुबारा से पालन करने से भी स्वप्नदोष हो जाता है।

Hasthmathun – phale bahut adhik methun karte rhane say prantu baad me esko rok dene par lambe smay tak brahchary ka palan karne rhane ke bich me hi brahchary ko chodkar uska dubara say palan karne say bhi sawpandos ho jata hai |

सुजाक – सुजाक के हो जाने के बाद इन रोगियों का सम्पूर्ण खात्मा न होकर शरीर में इनके कुछ कीटाणुओं के रह जाने के कारण भी स्वप्नदोष जैसे रोग पैदा हो जाते है।

Sujak – sujak ke ho jane ke baad kin rogo ka sampurn khatma nhoker sarir me inke kuch kitanuo ke rh jane kae karan bhi sawpandosh jase rog paida ho jate hai |

तम्बाकू, गांजा, भांग, चरस आदि नशीले पदार्थों का अधिक प्रयोग करना, गर्म चटपटे, खटटे मीठे, कब्ज को लाने वाले, न पचने वाले पदार्थो का अधिक मात्रा में प्रयोग करते रहना जैसे तेल, गुड, लाल मिर्च, अचार, गर्म मसाले, लहसून, प्याज और तनाव को अधिक मात्रा में बढाने वाले खाद्य पदार्थ जैसे – मछली, अण्डा, मीट आदि चीजों का अधिक मात्रा में इस्तेमाल करना भी स्वप्नदोष के रोग को बढाने का कारण बनते है।

Tambaku ganja bhang charas and nasile padarth ka adhik prayog karna garm chatpate khatte mithe kabj ko lane wale n pachne wale padhartho ka adhik matra me paryog karte rhana jase tel gud laal mirch achaar garm msaale lhasun piyaaz aur tanaav ko adhik matra me badhan wale khady padhart jase – machli anda mit ya aur chizo ka dhik matra me estmaal karna bhi sawpandos ke rog ko badhane ka karan bante hai |

स्वप्नदोष से होने वाले नुकसान –


स्वप्नदोष से शरीर में कमजोरी महसूस होना, चेहरे की चमक चले जाना, काम में मन न लगना, आंखों से कम दिखाई देना, दिमाग का कमजोर व याददाश्त का कमी, वीर्य का जल्दी निकल जाना, अकेले रहने का मन करना, कब्ज का बने रहना, किसी से बात करने का मन न करना, हमेशा सुस्ती महसूस होना, लिंग में कम तनाव तथा शिश्न पर नीली नसें चमकती हुई दिखाई देना, पैरों में जलन महसूस होना, अधिक पसीना आना, सिर के बाल उड़ जाना अर्थात गंजापन होना और हमेशा मन में हीन भावना महसूस होना तथा सदा ही शर्मिंदगी होना, भूख की कमी, बैचेनी, बुखार, वीर्य का पतलापन, आलस्य, कमरदर्द, स्वरभंग, नजर का कमजोर होना आदि लक्षण दिखाई देने लगते है |

Swapandosh say hone wale nukshan – swapandosh say sarir me kamjori mhasus hona chare ki chamak chale jana kaam me man n lagna aankho say km dikhayi dena dimaag v yaaddast ki kmi viry ka jaldi nikal jana akele rhane ka man karna kabj ka bne rhana kisi say baat karne ka man n karna humesha susti mhasus hona ling me km tanav tatha Sisan par nili nase chamkti hui dikhayi dena pero me jlan mhasus hona adhik pasina aana sar ke baal ud jana athart ganjapan hona aur humesha man me hin bhabna mhasus hona tatha sda hi sarmindgi hona bhukh ki kmi becheni bukhar viry ka patlapan aalasy kmardard savrbhang njar ka kmjor hona aadi lakshan dikhayi dene lagte hai |

सबसे महत्वपूर्ण जानकारी:-


स्वप्नदोष हमेशा बचपन या जवानी में गलत विचारों के कारण से होता है। बचपन में कल्पनाओं की उडान की वजन से मन में सेक्स करने के बारे में सोचकर ही होता है। अगर इसके इलाज के लिए किसी तरह की औषधि के अलावा अपने अंदर सयंम रखने की जरुरत होती हैं । आप कितनी भी दवाएं खा लें या किसी भी चिकित्सक से परामर्श लें अगर आप का मन आपकी सोच सही नहीं है  तो आपको स्वप्नदोष होता ही रहेगा। इसीलिए इसका इलाज कराना अति आवश्यक है।

Sabsy mhatvpurn jaankari  – sawpandos humesha bachpan ya javani me glat vicharo ke karan say hota hai | Bachpan me kalpnao ki udaan ki vjan say man me sex karne ke bare me sochkar hi hota hai | Ager eske ilaaz ke liye kisi tarh ki osdhi ke aalava apne ander syam rakhne ki jarurat hoti hai | Aap kitni bhi dawae kha le ya kisi bhi chikitsak say pramars le ager aap man aapki soch shin hi to aapko swaapandosh hota hi rahega | Esliye eska krana ati aavasyak hai |

स्वप्नदोष का उपचार व घरेलू नुस्खे | Swapandosh ka upchar v gharelu nuskhe :-

1. धनिया:- धनिया व मिश्री को ब़राबर मात्रा में लेकर बने हुए चूर्ण को 5 ग्राम की मात्रा में लेकर ताजा ठंडे पानी के साथ सुबह के समय रोजाना लगभग 1 सप्ताह तक इस्तेमाल करने से रोजाना होने ावाला स्वप्नदोष समाप्त हो जाता है तथा पेशाब करने वाली नली में दर्द होना, उपदंश और सुजाक आदि रोगों से छुटाकार मिलता है।

Dhaniya v misri ko brabar matra me leker bne hue churn ko 5 gm ki matra me leker tazathande pani ke sath subh ke smay ke smay rojana lagbhag 1 hafte tak estmaal karne say rojana hone wala sawpandos smapt ho jata hai tatha pesaav krne wali nli me dard hona updans aur sujak aadi rogo say chutkara milta hai |

2. जामुन:- जामुन की गुठली का चूर्ण 4 ग्राम की मात्रा में लेकर शाम के समय लगभग 15 दिनों तक सेवन करते रहने से स्वप्नदोष के अधिक हो जाने के कारण शरीर में आ गई कमजोरी दूर हो जाती है। इस मिश्रण के सेवन करते रहने तक खट्टी चीजों का इस्तेमाल न करें।

Jamun – jamun ki guthli ka churn 4 gram ki matra me leker saam ke smay laghbhag 15 dino tak seven kartte rhane say sawpandosh ke adhik ho jane ke karan sarir me aa gyi kamjori dur hi jati hai | Es misran ke seven karte rhane tak khatti chizo ka estmaal n kre |

3. लहसून:- एक कली लहसून रात को सोते समय चबाते हुए निगल जाएं। इसके तुरंत बाद कुछ भी नहीं खाना चाहिए। कुछ समय के बाद ही स्वप्नदोष की समस्या खत्म समाप्त हो जायेगी।

Lhasun – ek kli lhasusn raat ko sote smay chabaate hue nigal jaye | eske turant baad kuch bhi nhi khana cahiye | Kuch smay ke baad hi sawpandos ki smasya khatm ho jayegi |

4. जौ:- त्रिफला (हरड, बहेडा तथा आवला) और जौ को रात के समय भिगोकर रख दें। इसके बाद अगले दिन सुबह के समय इसमें थोडा सा शहद मिलाकर पी लें। इससे स्वप्नदोष के रोग दूर हो जाते हैं।

5. इमली:- दूध में इमली के बीजों को भिगोकर इमली की निकाली हुई गिरियों में बराबर मात्रा में मिश्री मिलाकर अच्छी तरह से कूट-पीसकर मटर के दाने के बराबर की गोलियां बनाकर अपने पास रख लें। इसके बाद समान मात्रा में 1-1 गोली कुछ दिनों तक प्रयोग करते रहने से स्वप्नदोष जैसी समस्या समाप्त हो जाती है। इस मिश्रण का सेवन करते रहने तक तले-भूने तथा अधिक मिर्च मसालों वाले प्रदार्थों का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए ।

Emli – Dudh me emli ke bijo ko bhigokar emli ki nikali hui girigriyo me brabar matra me misri milakar acchi tarh say kut piskar matar ke dane ke brabar ki goliya bnakaar apne paas rakh le | Eske baad samaan matra me 1 – 1 goli kuch dino tak paryog karte rhane say sawpandos jasi smasya smapt hi jati hai | Es misran ka seven karte rhane tak tle bhune tatha adhik wale padarth ka estmaal nhi karna cahiye |

6. गाय का दूध:- लगभग आधा किलो गाय के दूध में 3 छुहारे लेकर उसमें जरुरत के अनुसार मिश्री मिलाकर इसे अच्छी तरह से पका लें। जब दूध केवल आधा रह जाए तो छुहारे की गुठली निकालकर छुहारे का खा लें और उस दूध का पी लें। इस तरह से दूध का कुछ दिनों तक सेवन करते रहने से स्वप्नदोष जैसे होने वाले रोग व सभी प्रकार के वीर्य के गिरने वाले रोगों की समस्या समाप्त हो जाती है और शरीर में वीर्य की बढोतरी होती है। इस उपाय को हमेशा सर्दियों में करना चाहिए।

Gaaye ka dudh – lagbhag aadha kg gay ke dudh me 3 chuaare leker usme jarurat ke anusaar misri milakaar ese acchi tarh say pakka le | jab dudh keval aadha rh jaye to chuare ki gutli nilaakar chuare ka kha le aur us dudh ka pi le | Es tarh say dudh ka kuch dino tak seven karte rhane say sawpandos jase hone wale rog v sabhi parkaar ke viry ke girne wale rogo ki smasya smapt ho jati hai aur sarir me viry ke badhoteri hoti hai | Es upaye ko humesha sardiyo me karna cahiye |


7. केले:- 3-4 बूंदे असली शहद की पके हुद केले की फली में डालकर सुबह सूर्योदय से पहले खाने के साथ अनेक वीर्य संबघी रोग समाप्त हो जाते है और वीर्य भी अधिक मात्रा में गाढा बन जाता है। इस मिश्रण का इस्तेमाल विस्तारपूर्वक करना चाहिए।

Kele – 3 – 4 bunde asli sahad ki pke hue kele ki fli me daal kar subha suryauday say phale khan eke saath anek viry sambandi rog smapt ho jate hai aur viry bhi adhik matra me gadha ban jata hai | Es misran ka estmaal vistarpurvak karna cahiye |

8. त्रिफला:- शहद में त्रिफला का चूर्ण मिलाकर खाने से स्वप्नदोष जैसे रोग खत्म हो जाते है लेकिन जिन लोगों का स्वभाव अधिक गर्म रहता है उन लोगों को शहद की जगह मिश्री का इस्तेमाल करना चाहिए। अगर इसके अलावा चीनी मिला हुआ रस दे दिया जाए तो अधिक लाभ होगा।

Trifla – shahad me triphala ka churn milakar khane se sawpandos jase rog khatm ho jate hai lekin jin logo ka savhaab adhik garm rahata hai un logo ko sahad ki jegh misri ka estmaal karna cahiye | ager eske alava chini mila hua ras de diya jaye to adhik laabh hoga |


9. देशी फूल:- देशी फूल की मुलायम कच्ची पत्तियों को लेकर छाया में सुखा लें। फिर इसमें इसके बराबर मिश्री मिला लें। इस सबको मिलाकर बारीक चूर्ण बना लें और इसे एक कांच की शीशी में डालकर रख दें। इस चुर्ण को 5-6 ग्राम की मात्रा में लेकर ताजे पानी से सुबह शाम के समय रोजाना सेवन करने से स्वप्नदोष दूर होता है।

Desi fal – desi fal ki mulayam kacchi pattiyo ko leker chaya me sukha le | Fir esse eske brabar misri mila le | Es sabko milakar barirk churn bna le aur ese ek kanch ki sisi me dalkar rakh de | Es churn ko 5 – 6 graam me leker taze pani say saam ke smay rojana seven karne say sawpandos dur hota hai |

10. गुलाब के फूल:- ताजे गुलाब के फूल की 5-6 पंखुडियां लेकर उसमें मिश्री मिलाकर सुबह शाम चबाकर खा लें। फिर इसके उपर गाय का दूध पी लें। इस तरह रोजाना सेवन करते रहने से स्वप्नदोष का रोग समाप्त हो जाता है।

Gulab ke phool – taze gulab ke fool ki 5 – 6 pakhudiya leker usme misri milakar subh saam chabakar kha le | Fir eske upper gaye ka dudh pi le | Es tarh rojana seven karte rhane say swapandos ka rog smapt ho jata hai |

11. बादाम:- 1 पीस बादाम गिरी, थोडा सा मक्खन तथा 3 ग्राम गिलोय इन सभी को बराबर की मात्रा में मिलाकर 7-8 ग्राम शहद मिलाकर एक समान भाग बना लें। इस मिश्रण को 8 से लेकर 10 दिनों तक सुबह और शाम के समय प्रयोग करने से स्वप्नदोष के रोग समाप्त हो जाते है।

Badam – 1 pis badam giri thoda sa makhan tatha 3 gm giloy in sabhi ko brabar ki matra me milakar 7- 8 gm sahad milakr ek samaan bhaag bna le | Es misri ko 8 say leker 10 dino tak subh aur saam ke smay paryog karne say swpandos ke rog smapt ho jate hai |

12. आंवला – स्वप्नदोष के रोग दूर करने के लिए 6 ग्राम आवंले के चूर्ण में शहद मिलाकर खा ले। इसके बाद ऊपर से इसमें मिश्री मिलाकर पानी पी लेना चाहिए।

Aawla – swapandosh ke rog dur karne ke liye 6 gm aable ke churn me sahad milakar kha le | Eske baad upper say esme misri milakar pani pi lena cahiye |

13. इलाचयी – आधा ग्राम छोटी इलाचयी के पीसे हुए दाने, 3 ग्राम सूखे धनिये का चूर्ण और 2 ग्राम बारीक मिश्री इन सभी प्रदार्थों को अच्छी तरह मिलाकर इसकी समान मात्रा में पुडिया बना लें। इस मिश्रण को सुबह के समय ताजे पानी के साथ सेवन करते रहें। इसका सेवन करते रहने से स्वप्नदोष के रोग में जल्दी ही लाभ मिलेगा।

Elaichi –aadha gram choti elaichi ke pise hue dane 3 gm sukhe dhaniye ka churn aur 2 gm barik misri in sabhi padartho ko acchi tarh milakr eski smaan matra me pudiya bna le | Es misri ko subh ke smay taze pani ke sath seven karte karte rhe | eska seven karte rhane say sawpandos ke rog me jaldi hi laabh milega |

14. पीपल की छाल – पीपल की छाल का चूर्ण 3 ग्राम, इलाचयी का चूर्ण आधा ग्राम और बंग भस्म चैथाई इन चारों को एक साथ मिलाकर नियमित रुप से इस्तेमाल करें। इसका प्रयोग करने से रात को होने वाले स्वप्नदोष खत्म हो जायेगें।

Pipal ki chaal – pipal ki chaal ka churna 3 gm elachyi ka churn aadha gm aur bang bhasm chothayi in charo ko ek sath milakar liyameet rup say estmaal kre | Eska paryog karne say rat ko hone wale sawpandosh khatm ho jainge |

15. चोबचीनी:- आधा चम्मच मिश्री, आधा चम्मच चोगचीनी का चूर्ण तथा आधा चम्मच देशी घी इन सबको ठीक तरह से मिलाकर सुबह के समय खाली पेट इस्तेमाल करना चाहिए। इसका सेवन करने के 10 दिनों के पश्चात ही स्वप्नदोष जैसे रोग में फायदा दिखाई देने लगेगा।

chobchini – aadha chammach misri aadha chammach desi ghi in sabko theek tarh  say milakar subh ke smay khali pet estmaal karna cahiye | Eska seven karne ke 10 dino ke pascachat hi sawpandosh jasi rog me fayeda dikhayi dene lagega |


16. बबूल की गोंद – एक चम्मच मिश्री और बबूल की गोंद आधा चम्मच इन दोनों मिश्रण को पानी में एक साथ मिलाकर सुबह और शाम को पी लें। यह उपाय स्वप्नदोष जैसे रोग दूर भगा देता है।

16. Bablu ki gond – ek chamach misri aur bablu ki gond aadha chammach in dono misran ko pani me ek sath milakr subh aur saam ko pi le | Yh upaye sawpandos jae dur bhga deta hai |


17. त्रिफला – एक चम्मच शहद और एक चम्मच त्रिफला का चूर्ण इन दोनों को मिलाकर सुबह शाम खा लें। यह स्वप्नदोष के रोग को समाप्त कर देता है।

Triphala – ek chammach shahad aur ek chammach triphala ka churn in dono ko milakar subh saam kha le | Yh sawpandos ke rog ko smapt kar deta hai |

18. गुलाब जल – खस का शर्बत चार चम्मच और चार चम्मच गुलाबजल इन दोनों को अच्छी तरह से मिलाकर इस्तेमाल करने से स्वप्नदोष रोग खत्म हो जाता है।

Gulab jal – ksh ka sharbat chaar chammach aur chaar chammach gulabjal in dono ko acchi tarh say milakar estmaal karne say sawpandos rog khatm ho jata hai |

19. हरड – एक चम्मच शहद और आधा चम्मच हरड का चूर्ण इन दोनों को एक साथ मिलाकर सुबह और शाम को इस्तेमाल करने से स्वप्नदोष जैसे रोग दूर हो जाते है।

Harad – ek chammach sahad aur aadha chammach harad ka churn in dono  ko ek sath milakar subh aur saam ko estmaal karne say sawpandos jase rog dur ho jate hai |

अगर आपको ऊपर दिए उपाय से आपको लाभ नंही होता तो आपकी समस्या बूट गंभीर है तुरंत किसी अचे डॉक्टर को दिखाए या अमर क्लिनिक पर तुरंत कॉल करे 9990229933 स्वप्नदोष का इलाज संभव है घबराये नहीं।

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